आखिरकार नगर निगम में नेता प्रतिपक्ष चैताली तिवारी को मिला अपना केबिन
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आसनसोल :आसनसोल नगर निगम की नेता प्रतिपक्ष चैताली तिवारी को आज नगर निगम कार्यालय के अंदर अपना केबिन उपलब्ध कराया गया । आपको बता दें कि 2022 में नगर निगम के वर्तमान बोर्ड का गठन हुआ था लेकिन तब से ही नेता प्रतिपक्ष के लिए अलग से कोई केबिन नहीं था आखिरकार अगले नगर निगम चुनाव से लगभग 6 महीने पहले नेता प्रतिपक्ष के लिए अलग से केबिन उपलब्ध कराया गया। चैताली तिवारी ने आज अपने केबिन में प्रवेश किया इस मौके पर उनके साथ भारतीय जनता पार्टी के अन्य पार्षद और नेता उपस्थित थे। नेता प्रतिपक्ष के अपने केबिन में आते ही नगर निगम के अन्य अधिकारियों और कर्मचारियों ने आकर उनसे मुलाकात की। इस दौरान पत्रकारों से बात करते हुए चैताली तिवारी ने कहा कि पिछले 4 वर्षों से लगातार भाजपा के पार्षदों द्वारा नगर निगम को चिट्ठी लिखी जा रही थी और नेता प्रतिपक्ष के लिए एक अलग केबिन की मांग की जा रही थी जिससे कि भाजपा के पार्षद और विशेष कर नेता प्रतिपक्ष लोगों के लिए काम कर सकें लेकिन पिछले 4 सालों में भाजपा की अपील को अनदेखी करके रख दिया गया था। अब जबकि बंगाल में भारतीय जनता पार्टी की सरकार बन गई है तो आखिरकार उन्हें नियमों के मुताबिक निगम के अंदर उनको केबिन दिया गया है । अब वह चाहेंगी कि लोगों के लिए ज्यादा से ज्यादा काम कर सकें। अन्नपूर्णा भंडार जैसे भाजपा सरकार की जनकल्याणकारी परियोजनाओं का लाभ लोगों तक ज्यादा से ज्यादा पहुंचाने का वह प्रयास करेंगी। जब उनसे पूछा गया कि आखिरकार अब तक उन्हें नेता प्रतिपक्ष होने के बावजूद निगम कार्यालय के अंदर अलग से केबिन उपलब्ध क्यों नहीं कराया गया था तो चैताली तिवारी ने कहा कि उन्हें लगता है कि नगर निगम में टीएमसी के पदाधिकारीयों द्वारा जो व्यापक भ्रष्टाचार किया जा रहा है उसकी खबर किसी को ना हो इसलिए मुख्य विपक्षी पार्टी बीजेपी को बाहर रखा गया था। यहां तक की जो बोर्ड मीटिंग हुआ करती थी उसमें भी भारतीय जनता पार्टी के पार्षदों को महत्व नहीं दिया जाता था लेकिन अब क्योंकि बंगाल में भाजपा की सरकार बन गई है तो स्थिति बदल चुकी है और उन्हें उम्मीद है कि अब नगर निगम में पारदर्शी तरीके से लोगों की सेवा करने का काम किया जाएगा । वही इस बारे में जब हमने मेयर विधान उपाध्याय से सवाल किया तो उन्होंने किसी भी विपक्षी पार्षद और खासकर नेता प्रतिपक्ष को नजरअंदाज करने के आरोपों से इनकार किया उन्होंने कहा कि सभी का समान रूप से सम्मान किया जाता है । वहीं नगर निगम में भ्रष्टाचार के मुद्दे पर चैताली तिवारी के बयान पर विधान उपाध्याय ने कहा कि इस पर उन्हें कोई टिप्पणी नहीं करनी है अगर भ्रष्टाचार हुआ है तो उसे उजागर करने के तमाम तरह के संवैधानिक उपाय हैं।














