आसनसोल नगर निगम आज हुई बोर्ड मीटिंग कई महत्वपूर्ण विषयों पर हुई चर्चा:
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आसनसोल :आसनसोल नगर निगम में आज आगामी काली पूजा दीपावली और छठ पर्व के मद्देनजर एक महत्वपूर्ण बोर्ड मीटिंग हुई यहां आसनसोल नगर निगम के मेयर बिधान उपाध्याय चेयरमैन अमरनाथ चटर्जी उप मेयर वसीम उल हक सहित विभिन्न दलों के पार्षद गण उपस्थित थे यहां आने वाले काली पूजा दीपावली और छठ पूजा के मद्देनजर कुछ महत्वपूर्ण आलोचना हुई और निगम के पदाधिकारियों ने यह फैसला लिया कि आने वाले त्योहारों के मौसम में किसी भी नागरिक को कोई असुविधा ना हो यह सुनिश्चित करने के लिए नगर निगम की तरफ से हर संभव तैयारी और प्रयास किए जाएंगे बैठक के बारे में पत्रकारों को जानकारी देते हुए मेयर विधान उपाध्याय ने कहा कि आज की बैठक में यह फैसला हुआ कि आने वाले त्योहारों के मौसम में किसी को कोई असुविधा ना हो यह सुनिश्चित किया जाएगा इसके साथ ही उन्होंने बताया कि तकरीबन 200 सफाई कर्मियों की मौत हो चुकी है ऐसे में नगर निगम की तरफ से फैसला लिया गया है कि फिलहाल 96 नए सफाई कर्मियों की नियुक्ति की जाएगी ताकि नगर निगम द्वारा जो सफाई के कार्य किए जाते हैं उनमें कोई बाधा उत्पन्न ना हो वही अवैध निर्माण को लेकर मेयर बिधान उपाध्याय ने कहा कि उन्होंने कल खुद कुछ इलाकों का दौरा किया था और अवैध निर्माण को लेकर आसनसोल नगर निगम ने बेहद सख्त रवैया अपनाया है और जहां से भी इस तरह की शिकायतें आएंगी वहां के लोगों को निर्माण को लेकर कागजात पेश करने के लिए कहा जाएगा और कागजात सही पाए जाने पर ही निर्माण जारी रखने की अनुमति दी जाएगी । वहीं जब हमने इस संदर्भ में आसनसोल नगर निगम के चेयरमैन अमरनाथ चटर्जी से बात की तो उन्होंने भी कहा कि आज की बैठक में कुछ विशिष्ट हस्तियों की मृत्यु के उपरांत उनको श्रद्धांजलि दी गई इसके बाद कुछ महत्वपूर्ण विषय पर चर्चा हुई विशेषकर त्योहारों के मौसम में नागरिकों को हर प्रकार की सुविधा प्रदान करने को लेकर भी चर्चा की गई अमरनाथ चटर्जी ने बताया कि इस बैठक के दौरान अवैध निर्माण को लेकर भी मुद्दा उठाया गया था उन्होंने बताया कि आसनसोल नगर निगम द्वारा यह साफ कर दिया गया है कि जहां भी अवैध निर्माण की शिकायत आएगी वहां सख्त कार्रवाई की जाएगी और किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा दूसरी तरफ आसनसोल नगर निगम के कर्मचारियों को एक्सटेंशन देने के मुद्दे पर चेयरमैन अमरनाथ चटर्जी ने कहा कि यह मुद्दा मेयर के अधीन आता है उन्होंने कहा कि कुछ ऐसे दफ्तर होते हैं जहां नगर एक्सटेंशन ना दिया जाए तो उस दफ्तर के कामकाज पर विपरीत असर पड़ता है हालांकि इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि किसको एक्सटेंशन दिया जाएगा और किसको नहीं यह पूरी तरह से मेयर तय करते हैं












