आसनसोल चेंबर ऑफ कॉमर्स चुनाव में पवन गुटगुटिया ने दिया गौरीशंकर अग्रवाल पैनल को समर्थन:
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आसनसोल किसी भी शहर में व्यवसाय को बढ़ावा देने के लिए उस शहर मैं चेंबर ऑफ कॉमर्स का शक्तिशाली होना बहुत जरूरी है चेंबर ऑफ कॉमर्स ही है जो उस शहर के व्यापारियों और व्यापार के हित के लिए समय-समय पर जरूरी कदम उठाता है और प्रशासन से तालमेल रखकर व्यापार को बढ़ाने की दिशा में काम करता है ऐसे में चेंबर ऑफ कॉमर्स का चुनाव बेहद महत्वपूर्ण हो जाता है आसनसोल चैंबर आफ कमर्स का यह महत्वपूर्ण चुनाव 2 जून को होने वाला है इस बार शंभू झा पैनल और गौरीशंकर अग्रवाल पैनल आमने सामने हैं एक तरफ जहां निवर्तमान सचिव शंभू झा एक बार फिर से सचिव और ओम बगड़िया अध्यक्ष पद के लिए प्रतिद्वंदिता करेंगे वही गौरीशंकर अग्रवाल पैनल भी इन को टक्कर देने के लिए तैयार है हमने इस संदर्भ में फोन पर गौरीशंकर अग्रवाल पैनल को समर्थन दे रहे आसनसोल के प्रख्यात उद्योगपति पवन गुटगुटिया से बात की। उन्होंने कहा कि गौरीशंकर अग्रवाल पैनल को समर्थन देने का उनका सिर्फ एक ही मकसद है और वह यह कि पिछले तकरीबन 1 साल से चेंबर के वर्तमान पदाधिकारी आसनसोल चेंबर ऑफ कॉमर्स के वरिष्ठ सदस्यों और पदाधिकारियों की अवहेलना करते आ रहे हैं इसी के खिलाफ उन्होंने चेंबर में एक परिवर्तन लाने के मकसद से गौरीशंकर अग्रवाल पैदल को समर्थन देने का फैसला लिया है उन्होंने कहा कि चेंबर में बीते 1 साल में वह किसी भी बैठक में सम्मिलित नहीं हुए जबकि उनका रिकॉर्ड रहा है कि पिछले 25 सालों में ऐसा कभी नहीं हुआ कि वह आसनसोल में है और चेंबर की किसी बैठक में शामिल नहीं हुए लेकिन क्या कभी बीते 1 साल में चेंबर के सचिव या अध्यक्ष ने उनसे जानने की कोशिश की कि वह लगातार चेंबर की बैठक मैं अनुपस्थित क्यों रहे हैं पवन गुटगुटिया ने कहा इससे साफ जाहिर होता है कि चेंबर के पदाधिकारी चेंबर की नींव रखने वाले वरिष्ठ व्यक्तियों का खुले तौर पर अपमान कर रहे हैं जब चेंबर के सलाहकार ही चेंबर की बैठकों में हिस्सा नहीं ले रहे और चेंबर के पदाधिकारियों द्वारा इसकी वजह जानने की कोशिश भी नहीं की जा रही है तो इससे साफ जाहिर होता है कि कहीं ना कहीं कुछ गलत हो रहा है और चेंबर को अपने जाति स्वार्थ के लिए इस्तेमाल किया जा रहा है उन्होंने साफ कहा आसनसोल चेंबर ऑफ कॉमर्स से उनका एक जज्बाती लगाओ है उन्होंने कभी चेंबर को अपने निजी स्वार्थ के लिए इस्तेमाल नहीं किया उन्होंने हमेशा चाहा है कि चेंबर के जरिए आसनसोल के व्यापारियों और व्यापार का विकास हो लेकिन जब उन्होंने देखा चेंबर वरिष्ठ सदस्यों का उचित सम्मान नहीं हो रहा है तो उन्होंने खुद को अलग कर लिया पवन गुटगुटिया ने कहा गौरीशंकर अग्रवाल पैनल को समर्थन देने का उनका सिर्फ यही मकसद है कि चेंबर की गरिमा वापस लौटे और चेंबर के वरिष्ठ सदस्यों को जिन्होंने एक समय चेंबर की नींव रखने में बहुत बड़ा सहयोग दिया था उनको उनका उचित सम्मान दिया जाए












