29 नवंबर की बोर्ड मीटिंग को लेकर कांग्रेस पार्षद गुलाम सरवर ने लिखा चेयरमैन को पत्र निगम के अधिकारी पर लगा भ्रष्टाचार के संगीन आरोप:
1 min read

आसनसोल :आसनसोल नगर निगम के 28 नंबर वार्ड के कांग्रेस पार्षद गुलाम सरवर ने 29 नवंबर को होने वाले बोर्ड मीटिंग को लेकर नगर निगम के चेयरमैन अमरनाथ चटर्जी को एक पत्र लिखा है इस पत्र के जरिए उन्होंने आने वाले बोर्ड मीटिंग में दो विषयों पर चर्चा करने की बात कही है यह दो विषय है अभियंता उज्जवल बैनर्जी को एक्सटेंशन दिए जाने तथा अटवाल बिल्डिंग में अवैध निर्माण इस बारे में पत्रकारों से बात करते हुए गुलाम सरवर ने कहा कि यह समझ में नहीं आ रहा है कि आसनसोल नगर निगम उज्जवल बनर्जी जैसे एक भ्रष्ट अधिकारी को एक्सटेंशन क्यों देना चाहती है उन्होंने कहा कि क्या इसके पीछे वजह है की उज्जवल बनर्जी चाहे वह जल परियोजना का काम हो यह रास्तों के मरम्मत का काम या अन्य कोई परियोजना हर परियोजना से भ्रष्टाचार से कमाए पैसा को टीएमसी नेतृत्व तक पहुंचाते हैं और भविष्य में भी यह सिलसिला बरकरार रहे इसी वजह से उनको एक्सटेंशन दिया जा रहा है । कांग्रेस पार्षद ने कहा कि उज्जवल बनर्जी को एक्सटेंशन दिए जाने के बारे में बोर्ड मीटिंग में कोई चर्चा तक नहीं हुई थी लेकिन उनको एक तरफा तरीके से एक्सटेंशन दे दिया गया । उन्होंने कहा कि अगर ऐसे ही फैसले लेने हैं तो बोर्ड मीटिंग करने की जरूरत क्या है उन्होंने कहा कि यह बेहद संगीन मसला है जिस पर वह नगर निगम का ध्यान आकर्षित करना चाहते हैं उन्होंने कहा कि उज्जवल बनर्जी एक बेहद भ्रष्ट अधिकारी हैं जिनके बारे में सभी को पता है लेकिन आसनसोल नगर निगम के पदाधिकारी उन को एक्सटेंशन देने पर तुले हुए हैं गुलाम सरवर ने चुनौती देते हुए कहा कि अगर उज्जवल बनर्जी भ्रष्ट नहीं है वह पाक साफ है तो वह आसनसोल अदालत में उनके खिलाफ मानहानि का मामला दर्ज करें और वह अदालत में उज्जवल बनर्जी के भ्रष्टाचार का पर्दाफाश कर देंगे उन्होंने नगर निगम के पदाधिकारियों से भी आव्हान किया कि ऐसे भ्रष्ट अधिकारी को तुरंत निकाला जाए जिससे पार्टी के साथ-साथ नगर निगम की इज्जत भी बची रहे उन्होंने कहा कि उज्जवल बनर्जी को एक प्रोजेक्ट बनाने तक नहीं आता ऐसे शख्स को एक्सटेंशन देने की क्या वजह है वहीं उन्होंने कहा कि इससे पहले भी उनकी तरफ से नगर निगम में व्याप्त भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज उठाई गई थी जब एक ऐसे कांट्रेक्टर को काम का ठेका दिया गया था जिसको वह काम करने का पिछला तजुर्बा नहीं था उन्होंने कहा कि नगर निगम में इस तरह के भ्रष्टाचार पर तुरंत रोक लगनी चाहिए












