कोलकाता के धर्मतला में टीएमसी के शहीद दिवस से ममता ने भरी हुंकार कहा शुरू किया जाएगा बांग्ला भाषा आंदोलन
1 min read
:कोलकाता के धर्मतला मैं आज 2026 के बंगाल विधानसभा चुनाव से पहले टीएमसी की तरफ से अंतिम शहीद दिवस का आयोजन किया गया यहां पर मुख्य वक्ता के तौर पर राज्य की मुख्यमंत्री और टीएमसी सुप्रीमो ममता बनर्जी उपस्थित थी इस मौके पर यहां बंगाल के विभिन्न जिलों से आए लाखों की तादाद में टीएमसी कार्यकर्ता उपस्थित थे इसके अलावा बंगाल के विभिन्न क्षेत्रों से आए टीएमसी नेता आदि भी इस शहिद सभा के दौरान मौजूद थे इस मौके पर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी सहित अभिषेक बनर्जी और अन्य टीएमसी नेताओं ने 21 जुलाई 1993 को महाकरण अभियान के दौरान जिन 13 व्यक्तियों की पुलिस की गोली से मृत्यु हुई थी उनको श्रद्धांजलि दी इसके उपरांत अपना वक्तव्य रखते हुए ममता बनर्जी ने अपने चिर परिचित अंदाज में विपक्ष और खासकर भाजपा को आड़े हाथों लिया। ममता बनर्जी ने कहा कि आज केंद्र में एक ऐसी सरकार चल रही है जो जन विरोधी होने के साथ-साथ बांग्ला विरोधी है उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के तौर पर उन्होंने हमेशा बंगाल में सभी धर्म सभी भाषा के लोगों को एक साथ लेकर चलने का प्रयास किया है लेकिन केंद्र की भारतीय जनता पार्टी की सरकार ऐसा नहीं करती वह धर्म के नाम पर भाषा के नाम पर जाति के नाम पर लोगों को बांटने का काम कर रही है ममता बनर्जी ने कहा कि हाल ही में जिस तरह से पूरे देश के भाजपा शासित प्रदेशों में बांग्ला भाषा बोलने की वजह से पश्चिम बंगाल के लोगों के साथ अत्याचार किया जा रहा है उससे साफ जाहिर होता है कि भारतीय जनता पार्टी बांग्ला विरोधी पार्टी है ममता बनर्जी का कहना था कि 2011 में यहां पर परिवर्तन हो चुका है अब यहां किसी प्रकार के परिवर्तन की कोई गुंजाइश नहीं है क्योंकि बंगाल की जनता टीएमसी के शासन काल से बेहद खुश है क्योंकि यहां पर सभी धर्म के लोगों को समान रूप से सम्मान दिया जाता है यहां पर भाषा के नाम पर किसी के साथ सौतेला आचरण नहीं किया जाता मुख्यमंत्री ने भाजपा पर आरोप लगाया कि वह चुनाव जीतने के लिए संवैधानिक संस्थाओं का दुरुपयोग कर रही है चुनाव आयोग का दुरुपयोग करके भाजपा ने दिल्ली हरियाणा महाराष्ट्र में चुनाव जीत हासिल की है। यही कोशिश अब बिहार में की जा रही है बिहार में 40 लाख मतदाताओं के नाम मतदाता सूची से काट दिए गए हैं यही काम बंगाल में करने की कोशिश की जा रही है ममता बनर्जी ने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि अगर बंगाल में भाजपा ने चुनाव आयोग का इस्तेमाल करके यहां के योग्य मतदाताओं का नाम मतदाता सूची से काटने का प्रयास किया तो टीएमसी की तरफ से चुनाव आयोग का घेराव किया जाएगा उन्होंने कहा कि यहां पर रोहिंग्या कहां है यह बीजेपी को साबित करना होगा अगर इस देश में रोहिंग्या हैं तो इसके लिए केंद्र सरकार जिम्मेदार है क्योंकि अन्य देशों से भारत में घुसपैठियों को रोकने की जिम्मेदारी केंद्र सरकार के अधीन बॉर्डर सिक्योरिटी फोर्स की है अगर घुसपठीएय भारत में घुस रहे हैं तो इसकी जिम्मेदारी केंद्र सरकार की है वहीं उन्होंने अपने टीएमसी कार्यकर्ताओं को बांग्ला अस्मिता की याद दिलाते हुए कहा कि आगामी 27 जुलाई से हर शनिवार और रविवार को बांग्ला भाषा अभियान शुरू करना है और यह अभियान अगले साल बंगाल विधानसभा चुनाव तक जारी रखना है इसके जरिए बंगाल में रहने वाले हर भाषा बोलने वाले लोगों को जोड़कर भारतीय जनता पार्टी के उन मंसूबों के खिलाफ आंदोलन करना होगा जिसमें वह बंगाल के खिलाफ सौतेला आचरण कर रहे हैं और बांग्ला बोलने पर पश्चिम बंगाल के लोगों पर अत्याचार किया जा रहा है उन्होंने कहा कि बंगाल और बांग्ला भाषा के साथ सौतेला आचरण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और इसके लिए जितने बड़े आंदोलन की आवश्यकता होगी वह किया जाएगा वहीं अभिषेक बनर्जी ने भी अपने भाषण में केंद्र की भाजपा सरकार पर जमकर प्रहार किया उन्होंने कहा कि केंद्र की भाजपा सरकार ने दिल्ली के जय हिंद कॉलोनी में रहने वाले लोगों का पानी बिजली बंद कर दिया अभिषेक बनर्जी ने कहा कि अगर ऐसी बीजेपी बंगाल में सत्ता में आ जाती तो वह यहां के बंगालियों के साथ क्या करती अभिषेक बनर्जी ने कहा कि जब पूरे देश में बांग्ला बोलने वाले लोगों के साथ अत्याचार किया जा रहा था तब भी यहां पर भाजपा के जो जनप्रतिनिधि बंगाल के लोगों के वोट से चुनकर आए थे वह खामोश थे उन्होंने कहा कि टीएमसी ने कभी बदले की राजनीति नहीं की पिछले विधानसभा चुनाव में बंगाल में भाजपा को 77 सिटें मिली थी लेकिन जिन विधानसभा क्षेत्र में टीएमसी जीत नहीं पाई वहां पर भी ममता बनर्जी सरकार के जन कल्याणकारी परियोजनाओं को बंद नहीं किया गया यही दिखाता है कि ममता बनर्जी के नेतृत्व में बंगाल में जो सरकार चल रही है वह बदला नहीं लेना चाहती वह लोगों का सर्वांगीण विकास करना चाहती है












